प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना के अंतर्गत 22वीं किस्त जारी की गई है। 21 मार्च, 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुवाहाटी में आयोजित एक कार्यक्रम से डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से किसानों के खातों में राशि भेजी। इस किस्त में 9.32 करोड़ किसानों के बैंक खातों में कुल 18,640 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए, जिससे प्रत्येक पात्र किसान को 2000 रुपये प्राप्त हुए हैं। यह योजना देश के किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए महत्वपूर्ण कदम है।
पीएम किसान योजना का परिचय
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का उद्देश्य देश भर के किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है। इस योजना के तहत हर साल किसानों को 6000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है, जो तीन समान किस्तों में वितरित होती है। प्रत्येक चार महीने पर 2000 रुपये की किस्त सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाती है। इस पहल का मुख्य मकसद किसानों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करना और खेती-बाड़ी से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने में मदद करना है।
ऑनलाइन स्टेटस चेक करें
यदि आप भी इस योजना के लाभार्थी हैं और जानना चाहते हैं कि आपके खाते में 22वीं किस्त आ चुकी है या नहीं, तो इसे ऑनलाइन चेक कर सकते हैं। सरकार ने इसके लिए आधिकारिक पोर्टल की सुविधा प्रदान की है। स्टेटस चेक करने के लिए लाभार्थियों को कुछ आसान चरणों का पालन करना होता है। हालांकि, कई बार तकनीकी कारणों या बैंक प्रक्रियाओं की वजह से राशि खाते में पहुंचने में विलंब हो सकता है। ऐसी स्थिति में एक-दो दिन का इंतजार उचित हो सकता है।
प्रक्रिया और संभावित समस्याएं
यह सुनिश्चित करने के लिए कि आपको अपनी किस्त समय पर प्राप्त हो, यह जरूरी है कि आपका बैंक खाता आधार से लिंक्ड हो और e-KYC की प्रक्रिया पूरी हो चुकी हो। अगर आधार लिंक नहीं है या e-KYC अधूरी रह गई है, तो किस्त मिलने में समस्या हो सकती है। इसलिए सरकार द्वारा सभी किसानों को सलाह दी जाती है कि वे समय पर अपनी प्रक्रिया पूरी कर लें ताकि उन्हें किसी भी असुविधा का सामना न करना पड़े।
शिकायत निवारण
यदि आपकी सभी जानकारी सही होने पर भी आपके खाते में राशि नहीं आई, तो इसके लिए शिकायत दर्ज कराने का विकल्प मौजूद है। किसान अपने नजदीकी किसान सेवा केंद्र या ब्लॉक कृषि कार्यालय से संपर्क करके समस्या का समाधान पा सकते हैं। इसके अलावा, सरकार ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं; किसान 155261 या 1800115526 पर कॉल करके अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं और सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
पात्रता और अपात्रता
पीएम किसान योजना का लाभ उन किसानों को दिया जाता है जिनके नाम पर कृषि योग्य भूमि दर्ज होती है। चाहे भूमि कम हो या ज्यादा, यदि किसान स्वयं खेती करता है तो वह इस योजना के लिए पात्र होता है। इस पहल का लाभ छोटे और सीमांत किसानों सहित महिला किसानों को भी समान रूप से मिलता है। हालांकि, कुछ श्रेणियों जैसे संस्थागत भूमि धारकों, आयकर दाताओं और बड़े पदों पर कार्यरत सरकारी कर्मचारियों को इस योजना का लाभ नहीं दिया जाता। इसके अतिरिक्त, डॉक्टर, इंजीनियर, वकील और चार्टर्ड अकाउंटेंट जैसी पेशेवर श्रेणियां भी अपात्र मानी जाती हैं।
Disclaimer: यह लेख सामान्य जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से लिखा गया है और इसमें दी गई जानकारी स्रोत सामग्री पर आधारित है। पाठकों से अनुरोध किया जाता है कि वे किसी भी सरकारी योजनाओं से संबंधित निर्णय लेने से पहले संबंधित आधिकारिक वेबसाइट्स या अधिकारियों से पुष्टि करें।









